Chhattisgarh News : शिक्षा विभाग में हड़कंप, चपरासी ने 15 महीनों में 29 लाख का खेल कर दिया, पढ़े पूरी खबर
Chhattisgarh News : छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के कोटा ब्लॉक से शिक्षा विभाग में वित्तीय गड़बड़ी का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां पदस्थ एक भृत्य (चपरासी) पर 15 महीनों के भीतर वेतन के नाम पर 29 लाख रुपये से अधिक की राशि अपने खाते में ट्रांसफर कराने का आरोप लगा है।
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जानकारी के अनुसार कोटा बीईओ कार्यालय में पदस्थ Devendra Kumar Palke को तत्कालीन और वर्तमान बीईओ द्वारा डीडीओ (आहरण एवं संवितरण अधिकारी) से जुड़े कई अधिकार दे दिए गए थे। इसी का फायदा उठाकर उसने अपने बैंक खाते में वेतन के नाम पर 29 लाख 62 हजार 322 रुपये की अतिरिक्त राशि जमा करा ली। (Chhattisgarh News)
बताया गया है कि संबंधित भृत्य पिछले 10–15 वर्षों से वेतन बिल तैयार करने का काम देख रहा था। मामले की शिकायत के बाद Directorate of Treasury, Accounts and Pension ने जांच के निर्देश दिए। बिलासपुर के वरिष्ठ कोषालय अधिकारी द्वारा की गई जांच में वित्तीय अनियमितता उजागर हुई।
आरोप है कि देवेन्द्र कुमार पालके मेकर आईडी से वेतन बिल तैयार करता था। इसके साथ ही वह अधिकारियों की चेकर आईडी और डिजिटल सिग्नेचर का भी इस्तेमाल कर रहा था। नियमों के अनुसार बिलों का सत्यापन आहरण एवं संवितरण अधिकारी को करना होता है, लेकिन यहां भृत्य ही बिल तैयार कर उन्हें स्वयं पास कर कोषालय भेज देता था।
जांच में सामने आया कि सितंबर 2024 से फरवरी 2025 के बीच आरोपी ने करीब 25.04 लाख रुपये अतिरिक्त निकाले। इसके बाद मार्च 2025 से नवंबर 2025 के बीच 4.57 लाख रुपये और निकाल लिए। कई महीनों में उसके खाते में 4.95 लाख रुपये तक की राशि ट्रांसफर हुई।
जांच रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने एक से अधिक आरोपियों के खिलाफ वित्तीय अनियमितता, दस्तावेजों से छेड़छाड़ और अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। (Chhattisgarh News)



