Google Analytics —— Meta Pixel

फर्जी नौकरी और निवेश के जाल में फंसे लोग, 3 अलग-अलग जिलों में 65 लाख से ज्यादा की ठगी

Fraud in Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ में अलग-अलग जगहों पर नौकरी, लोन और फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर लाखों रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। पुलिस ने ठगी के तीन अलग-अलग मामलों में कई आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पहला मामला कबीरधाम जिले का है, जहां नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों की ठगी हुई है। सुरजपुरा के रहने वाले रूपेश जायसवाल ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके भांजे कृष्णा कुमार जायसवाल से सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर 26 सितंबर 2023 से 25 फरवरी 2024 के बीच कुल 12 लाख 62 हजार रुपए की ठगी की गई। बोड़ला पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू की।

यह भी पढ़ें:- रायपुर और जगदलपुर में आग का तांडव, फैक्ट्रियों और डिपो में लाखों का नुकसान

जांच के दौरान पुलिस ने सक्ती के जैजैपुर में रहने वाले आरोपी उमेश चंद्रा (30) को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने नौकरी दिलाने के नाम पर 5 लाख रुपए नगद और मूल दस्तावेज लेने की बात स्वीकार की है। वहीं दुर्ग पुलिस ने फॉरेक्स ट्रेडिंग में निवेश का लालच देकर लोगों से लाखों रुपए ठगने वाले आरोपी मनोहर लक्ष्मण मोर को महाराष्ट्र के अहमदनगर से गिरफ्तार किया है। मामला 9 अक्टूबर 2025 का है, जब प्रार्थी ने भिलाई नगर थाने में शिकायत दर्ज कराई कि इंस्टाग्राम लिंक के माध्यम से उसे फॉरेक्स ट्रेडिंग में निवेश का लालच दिया गया। उसने अलग-अलग किस्तों में कुल 48 लाख 68 हजार 500 रुपए निवेश किए, लेकिन रिटर्न नहीं मिला। (Fraud in Chhattisgarh)

रायपुर में लोन दिलाने के नाम पर ठगी

साइबर पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण और डिजिटल ट्रैकिंग के आधार पर आंध्र प्रदेश के अनकापल्ली से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया और उनके बयान के आधार पर मनोहर मोर को अहमदनगर से गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से मोबाइल फोन, बैंक पासबुक और एटीएम कार्ड जब्त किए गए। रायपुर जिले में भी एक चौंकाने वाला ठगी का मामला सामने आया है। आरोपी किरिश पवार उर्फ मुदीत पाठे ने कारोबारियों के दस्तावेज हासिल कर उनके नाम से बैंक लोन पास कराया और रकम अपने खाते में ट्रांसफर कर ली। (Fraud in Chhattisgarh)

कई लोगों के साथ धोखाधड़ी

आजाद चौक थाना क्षेत्र के दौलत कुशवाहा (32) ने बताया कि वह अपनी जरूरत के लिए किरीश पवार से लोन दिलाने की बात करने गया। आरोपी ने उसके आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक पासबुक लेकर बिना अनुमति के 80 हजार 035 रुपए और बाद में 3 लाख 84 हजार 000 रुपए का लोन पास कराया और रकम अपने खाते में ट्रांसफर कर ली। पीड़ित ने बताया कि आरोपी ने क्रोमो कोड वाउचर और कैशबैक का लालच देकर ठगी की। आरोपी ने इसी पैटर्न पर अब्दुल हन्नान, सिराज सोलंकी और रोजिना सोलंकी के साथ भी ठगी की। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। (Fraud in Chhattisgarh)

लोगों को सावधान रहने की जरुरत

छत्तीसगढ़ की ये घटनाएं नौकरी, लोन और फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर लोगों को ठगने वाले ठगों के बढ़ते जाल की तरफ इशारा करती हैं। लाखों रुपए की ठगी ने पीड़ितों की आर्थिक स्थिति को प्रभावित किया है और यह साबित करता है कि सावधानी और सतर्कता ही ऐसे मामलों में सबसे बड़ा सुरक्षा कवच है। ये मामले यह याद दिलाते हैं कि किसी भी निवेश, लोन या नौकरी के प्रस्ताव में लालच और झूठे वादों से बचना बेहद जरूरी है। ये घटनाएं सिर्फ लाखों रुपए की ठगी तक सीमित नहीं हैं, बल्कि लोगों के भरोसे और जीवन में उठाए गए आर्थिक कदमों को भी प्रभावित करती हैं, जिससे यह स्पष्ट होता है कि सतर्क रहना और हर प्रस्ताव को पूरी तरह समझना कितना जरूरी है।

Back to top button
error: Content is protected !!