केजरीवाल को बड़ा झटका, राघव चड्ढा समेत AAP के 7 बागी सांसदों को राज्यसभा से मान्यता
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी (AAP) और अरविंद केजरीवाल के लिए बड़ा राजनीतिक झटका सामने आया है। राज्यसभा सचिवालय (Rajya Sabha Secretariat) ने राघव चड्ढा समेत AAP छोड़कर भाजपा में शामिल हुए सात सांसदों को मान्यता दे दी है। इसके साथ ही उच्च सदन में भाजपा की संख्या बढ़कर 113 पहुंच गई है।
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राज्यसभा सचिवालय (Rajya Sabha Secretariat) की ओर से जारी अधिसूचना में AAP से अलग होकर भाजपा में शामिल हुए सांसदों को भाजपा सदस्य के रूप में सूचीबद्ध किया गया है। इस घटनाक्रम के बाद राज्यसभा में भाजपा और एनडीए की स्थिति और मजबूत हो गई है।
AAP ने सभापति को लिखी थी चिट्ठी
इससे पहले आम आदमी पार्टी के सांसद Sanjay Singh ने रविवार (26 अप्रैल 2026) को राज्यसभा सभापति C. P. Radhakrishnan को पत्र लिखकर पार्टी छोड़ने वाले सातों सांसदों को अयोग्य घोषित करने की मांग की थी।
पत्र में कहा गया था कि ये सांसद AAP के टिकट पर राज्यसभा पहुंचे थे, लेकिन बाद में उन्होंने पार्टी छोड़कर भाजपा का दामन थाम लिया।
राघव चड्ढा समेत 7 सांसदों ने छोड़ी AAP
राघव चड्ढा, संदीप पाठक और अशोक मित्तल ने 24 अप्रैल को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आम आदमी पार्टी से अलग होने का ऐलान किया था। उन्होंने दावा किया था कि उनके साथ हरभजन सिंह, स्वाति मालीवाल, विक्रमजीत सिंह साहनी और राजिंदर गुप्ता भी हैं।
इन सात सांसदों में से छह सदस्य पंजाब से राज्यसभा सांसद बताए जा रहे हैं। AAP के लिए यह घटनाक्रम बड़ा संगठनात्मक और राजनीतिक झटका माना जा रहा है।



