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जादू-टोना के शक में ग्रामीण की निर्मम हत्या, एक ने सीने में चाकू मारा, दूसरे ने गला रेतकर की हत्या

Murder in Bastar: बस्तर जिले के दरभा थाना क्षेत्र अंतर्गत पखनार गांव में अंधविश्वास और आपसी रंजिश के चलते एक ग्रामीण की बेरहमी से हत्या कर दी गई। जादू-टोना के शक में दो सगे भाइयों ने मिलकर गांव के ही एक व्यक्ति को मौत के घाट उतार दिया। हालांकि पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जानकारी के मुताबिक घटना 30 अप्रैल की दोपहर की है, जहां मंगलू मंडावी अपने घर के पास आम के पेड़ के नीचे बैठा हुआ था। इसी दौरान गांव के रहने वाले दो सगे भाई आयतु मड़कामी और सुखराम मड़कामी शराब के नशे में वहां पहुंचे। दोनों ने मंगलू पर जादू-टोना करने का आरोप लगाते हुए विवाद शुरू कर दिया।

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देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि आयतु मड़कामी ने अचानक चाकू निकालकर मंगलू के सीने पर ताबड़तोड़ वार कर दिया। गंभीर रूप से घायल मंगलू जमीन पर गिरकर तड़पने लगा। इसी बीच बड़े भाई सुखराम मड़कामी ने चाकू छीन लिया और मंगलू का गला रेत दिया, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार होकर जंगल की ओर भाग गए। घटना की सूचना मिलते ही दरभा पुलिस ने इलाके में घेराबंदी कर तलाश अभियान चलाया और 1 मई को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से दोनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

अंधविश्वास बना जानलेवा

जिले में अंधविश्वास के चलते यह कोई पहली घटना नहीं है। जादू-टोना के शक में पहले भी कई हत्याएं हो चुकी हैं। यह घटना एक बार फिर इस बात को उजागर करती है कि अंधविश्वास किस तरह समाज के लिए घातक साबित हो रहा है, जहां महज शक के आधार पर एक व्यक्ति की जान ले ली गई। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है, वहीं इस घटना ने क्षेत्र में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है और अंधविश्वास के खिलाफ जागरूकता की जरूरत को एक बार फिर सामने ला दिया है। यह घटना दिखाती है कि अंधविश्वास और अफवाहें समाज के लिए कितनी घातक हो सकती हैं, जिन्हें रोकने के लिए सामूहिक जागरूकता बेहद जरूरी है। (Murder in Bastar)

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