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छत्तीसगढ़ विधानसभा में उठा हेलीकॉप्टर किराया का मुद्दा, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने लिखित में दिया जवाब

Chhattisgarh Budget Session: छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के 7वें दिन साय सरकार की ओर से किराए पर लिए गए हेलीकॉप्टर का मुद्दा उठा। कांग्रेस विधायक इंद्र साव ने सदन में सवाल लगाया था। हालांकि वे सदन में उपस्थित नहीं थे। ऐसे में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इसका जवाब लिखित में दिया है। उन्होंने बताया कि सरकार ने साल 2021-22 से जनवरी 2025 तक हेलीकॉप्टर का किराया करीब 249 करोड़ रुपए दिया है। साल 2021-22 में कुल 32 हेलीकॉप्टर के लिए 24 करोड़ 82 लाख 34 हजार 942 रुपए की राशि का भुगतान किया गया। साल 2022-23 में कुल 57 हेलीकॉप्टर को किराया में लिया गया, जिसके एवज में 78 करोड़ 70 लाख 74 हजार 052 रुपए की राशि का भुगतान किया गया।

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CM साय ने बताया कि साल 2023-24 में कुल 51 हेलीकॉप्टर को किराया में लिया गया था, जिसके लिए 89 करोड़ 50 लाख 33 हजार 999 रुपए का भुगतान किया गया। इसी तरह साल 2024-25 में 31 जनवरी तक कुल 37 हेलीकॉप्टर को किराया में लिया गया, जिसके लिए 56 करोड़ 11 लाख 99 हजार 825 रुपए की राशि का भुगतान किया गया है। CM साय ने लिखित जवाब में बताया कि टेंडर के माध्यम से आमंत्रित किराया दर की स्वीकृति के आधार पर राशि का भुगतान किया गया है। वहीं प्रश्नकाल के दौरान भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने सर्पदंश से मौत पर मुआवजा के मामले में गड़बड़ी का मुद्दा सदन में उठाया। (Chhattisgarh Budget Session)

विधायक सुशांत शुक्ला ने उठाया सवाल

विभाग की ओर से दी गई जानकारी के आधार पर विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कि संर्पलोक कहे जाने वाले जशपुर में 96 लोगों की सर्पदंश से मौत हुई। जबकि बिलासपुर में 431 लोगों की मौत हो जाती है, जो संभव नहीं है। करोड़ों की गड़बड़ी मुआवजे में हुई है। मामले में फर्जीवाड़ा किया गया है। इस पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने आसंदी से कहा कि सांप फर्जी था या आदमी फर्जी था। इसका जवाब देते हुए मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि यह पहली बार जानकारी में आया है। (Chhattisgarh Budget Session)

मंत्री वर्मा ने की जांच कराने की घोषणा

मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि ऐसा है तो विधायक जानकारी दें। इसकी जांच कराई जाएगी। विधायक सुशांत शुक्ला ने पूछा कि क्या पहले जांच हुई है? जबकि पहले भी शिकायत हुई है। राजस्व और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की मिली भगत से करोड़ों का घोटाला हुआ है। इसकी सचिव स्तर के अधिकारी से जांच कराएंगे क्या? इस पर मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि मुझे शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर जांच और कार्रवाई दोनों होगी। मंत्री टंकराम वर्मा ने सदन में घोषणा की है कि बिलासपुर में सर्पदंश से 431 मौत की जांच कराई जाएगी। (Chhattisgarh Budget Session)

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