छत्तीसगढ़ में धर्म स्वातंत्र्य विधेयक पर जल्द निर्णय के संकेत
राज्यपाल की मुहर संभव, नक्सलमुक्त बस्तर पर केंद्र में होगी अहम बैठक - विजय शर्मा
रायपुर। छत्तीसगढ़ में धर्म स्वातंत्र्य विधेयक को लेकर जल्द ही बड़ा निर्णय सामने आ सकता है। डिप्टी सीएम एवं गृहमंत्री विजय शर्मा ने संकेत दिए हैं कि राज्यपाल रमेन डेका किसी भी समय इस विधेयक पर हस्ताक्षर कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि राज्यपाल गंभीरता से इस विषय पर विचार कर रहे हैं और जल्द निर्णय की संभावना है।
यह भी पढ़े :- छत्तीसगढ़: शादी से लौट रही पिकअप पलटी, 2 महिलाओं की मौत, 37 घायल
विजय शर्मा ने बताया कि नक्सलवाद के प्रभाव में कमी आने के बाद मुख्यमंत्री का दिल्ली दौरा प्रस्तावित है। इस दौरान केंद्र सरकार के साथ राज्य के विकास और सुरक्षा से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। बैठक में धर्म स्वातंत्र्य नियमों को लेकर भी विचार-विमर्श संभव है।
बस्तर क्षेत्र के विकास पर उन्होंने कहा कि वहां लगातार कार्य हो रहे हैं। स्कूलों का संचालन फिर से शुरू हो रहा है, लेकिन अभी भी कई क्षेत्रों में काम बाकी है। उन्होंने विश्वास जताया कि समाज में बढ़ती जागरूकता के चलते आने वाले समय में बस्तर तेजी से विकास की दिशा में आगे बढ़ेगा।
पश्चिम बंगाल की राजनीति पर टिप्पणी करते हुए विजय शर्मा ने दावा किया कि आगामी चुनावों में भारतीय जनता पार्टी सरकार बनाएगी और जनता तृणमूल कांग्रेस को सत्ता से बाहर कर देगी।
कांग्रेस द्वारा राज्य सरकार को घेरने की कोशिशों पर उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि अब तक कांग्रेस क्या कर रही थी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले दो वर्षों में सभी विभागों की जानकारी सार्वजनिक की है, जो पारदर्शिता का प्रमाण है।
बस्तर से सुरक्षा बलों की वापसी की मांग पर उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह अत्यंत संवेदनशील मुद्दा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी प्रकार की अफवाह न फैलाएं, क्योंकि लंबे समय बाद बस्तर क्षेत्र नक्सल प्रभाव से मुक्त हुआ है और ऐसे में कोई भी निर्णय सोच-समझकर ही लिया जाएगा।



