“हमारे खिलाफ ऐसा कैसे बोल दिया?”- पाक मंत्री के बयान पर इजराइल भड़का
‘कैंसर’ टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया, शांति मध्यस्थता की भूमिका पर उठे सवाल
नई दिल्ली/तेल अवीव: इजराइल और पाकिस्तान के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के विवादित बयान पर इजराइल ने कड़ी आपत्ति जताते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी है।
यह भी पढ़े :- भिलाई के सेक्टर-7 में पीलिया का खतरा, 35 से ज्यादा बच्चे बीमार, 2 ICU में, नल से गंदा पानी आने की शिकायत
दरअसल, ख्वाजा आसिफ ने इजराइल को “कैंसर” और “मानवता के लिए अभिशाप” बताया था। इस बयान के सामने आते ही इजराइल सरकार ने नाराजगी जाहिर की और इसे पूरी तरह अस्वीकार्य करार दिया।
इजराइली प्रधानमंत्री कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि किसी भी जिम्मेदार पद पर बैठे नेता द्वारा इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना बेहद आपत्तिजनक है, खासकर तब जब वही देश खुद को शांति वार्ता में मध्यस्थ बता रहा हो।
इजराइल के विदेश मंत्री गिदोन सार ने भी तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह बयान न केवल गैर-जिम्मेदाराना है बल्कि “यहूदी-विरोधी” सोच को भी दर्शाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इजराइल इस तरह के आरोपों को गंभीरता से लेता है और अपनी सुरक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है।
मध्यस्थता पर उठे सवाल
गौरतलब है कि पाकिस्तान, अमेरिका और ईरान के बीच संभावित युद्धविराम को लेकर मध्यस्थता कर रहा है। 11 अप्रैल को इस्लामाबाद में अहम वार्ता प्रस्तावित है।
हालांकि, इस विवादित बयान के बाद पाकिस्तान की “निष्पक्ष मध्यस्थ” की भूमिका पर सवाल खड़े हो गए हैं। वार्ता से पहले बढ़ा यह तनाव कूटनीतिक माहौल को और संवेदनशील बना रहा है।
अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि क्या यह वार्ता सफल होगी या बयानबाजी के बीच शांति प्रयास प्रभावित होंगे।




