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मेडिकल कॉलेजों को फर्जी मान्यता घोटाला: CBI की बड़ी कार्रवाई, स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारी और कई डॉक्टर गिरफ्तार

Medical Colleges Fake Recognition Scam : देशभर में निजी मेडिकल कॉलेजों को फर्जी मान्यता दिलाने के बड़े घोटाले का पर्दाफाश हुआ है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की जांच में खुलासा हुआ है कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के कुछ अधिकारियों ने रिश्वत लेकर फर्जी निरीक्षण रिपोर्ट तैयार की और कॉलेजों को मान्यता प्रदान की। हवाला के जरिए करोड़ों रुपये के लेनदेन का भी खुलासा हुआ है।

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CBI ने अब तक तीन डॉक्टरों सहित छह लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि 35 अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपियों में मंत्रालय के अधिकारी, निजी मेडिकल कॉलेजों के संचालक और निरीक्षण टीम के सदस्य शामिल हैं।

रावतपुरा मेडिकल कॉलेज जांच के घेरे में

नवा रायपुर स्थित श्री रावतपुरा सरकार इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च को पिछले वर्ष 150 सीटों की मान्यता मिली थी। कॉलेज प्रबंधन ने 100 सीटें और बढ़ाने के लिए आवेदन किया था, जिसके निरीक्षण के लिए NMC की टीम पहुंची थी। CBI के अनुसार, निरीक्षण रिपोर्ट को पॉजिटिव बनाने के लिए टीम को रिश्वत दी गई थी।

इस मामले में कॉलेज के चेयरमैन श्री रविशंकर महाराज उर्फ रावतपुरा सरकार, ट्रस्टी संजय शुक्ला (रेरा अध्यक्ष), प्रो. डॉ. अतिन कुंडू, निदेशक अतुल तिवारी और अकाउंटेंट लक्ष्मीनारायण चंद्राकर पर एफआईआर दर्ज की गई है। (Medical Colleges Fake Recognition Scam)

स्वास्थ्य मंत्री ने मांगी रिपोर्ट

छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मामले की गंभीरता को देखते हुए रायपुर मेडिकल कॉलेज के डीन और DME को तलब किया है। उन्होंने डॉ. अतिन कुंडू से जुड़ी विस्तृत जानकारी और विभागीय कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी है।

हवाला के जरिए मंदिर निर्माण

CBI की एफआईआर के अनुसार, NHA के संयुक्त निदेशक डॉ. जीतू लाल मीणा ने एक कॉलेज से 75 लाख रुपये रिश्वत लेकर हवाला के माध्यम से राजस्थान में मंदिर निर्माण में खर्च किए। विशाखापट्टनम के एक कॉलेज को 2.5 करोड़ की रिश्वत लेकर मान्यता दी गई।

घोटाले में शामिल अन्य प्रमुख नाम

पूनम मीणा, धरमवीर, पीयूष माल्याण, अनूप जायसवाल, राहुल श्रीवास्तव, चंदन कुमार, दीपक, मनीषा (स्वास्थ्य मंत्रालय)

मयूर रावल (गीतांजलि यूनिवर्सिटी, उदयपुर)
डॉ. मंजप्पा सीएन (मुंबई), डॉ. बी हरि प्रसाद (आंध्र), डॉ. अंकम रामबाबू (हैदराबाद)
डॉ. कृष्णा किशोर (विशाखापट्टनम), फादर जोसेफ कोम्मारेड्डी (वारंगल)
शिवानी अग्रवाल (मेरठ), स्वामी भक्तवत्सदाजी (गुजरात)

फार्मेसी काउंसिल पर भी छापा

CBI ने फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया (PCI) के चेयरमैन मोंटू पटेल के आवास पर छापा मारा है। उन पर फर्जी नियुक्तियां और अयोग्य कॉलेजों को रिश्वत लेकर मान्यता देने के आरोप हैं। (Medical Colleges Fake Recognition Scam)

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