Mandi cloudburst 2025: हिमाचल के मंडी में बादल फटने से तबाही, तीन की मौत, कई लापता, NH-चंडीगढ़-मनाली अवरुद्ध, राहत कार्य जारी

Mandi cloudburst 2025: हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में भारी बारिश और बादल फटने की वजह से एक बार फिर तबाही का मंजर देखने को मिला है। मंडी शहर के जेल रोड समेत कई इलाकों में पानी और मलबे का रौद्र रूप सामने आया। अभी तक तीन लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जिनमें बलबीर सिंह, अमनप्रीत सिंह उर्फ सनी और सपना शामिल हैं। एक अन्य व्यक्ति दर्शन सिंह घायल है और उपचाराधीन है।
एनडीआरएफ, पुलिस, होमगार्ड और फायर ब्रिगेड की टीमें राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं। मलबे में फंसे कई लोगों को खिड़कियां तोड़कर निकाला गया। दर्जनों वाहन मलबे में दबे या बह गए हैं। मंडी सदर के सभी शिक्षण संस्थान एहतियातन बंद कर दिए गए हैं।
जयराम ठाकुर और अनिल शर्मा ने लिया राहत कार्यों का जायजा
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और विधायक अनिल शर्मा ने जेल रोड पहुंचकर राहत कार्यों का जायजा लिया। वहीं मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने घटना पर दुख जताते हुए मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और प्रशासन को राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
प्रभावित क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़कें बाधित
ब्यास, सुकेती और सकोडी खड्ड के उफान से आसपास के घरों को खतरा है। धर्मपुर लोनिवि मंडल कार्यालय और अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर भी भारी भूस्खलन हुआ है। चंडीगढ़-मनाली और पठानकोट-मंडी नेशनल हाईवे पर कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है, जिससे यातायात पूरी तरह प्रभावित है। (Mandi cloudburst 2025)
भारी बारिश का अलर्ट जारी
बीती रात मंडी में 198.6 मिमी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने मंडी समेत कई जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। 30 जुलाई से 4 अगस्त तक भारी बारिश की संभावना है। (Mandi cloudburst 2025)
प्रदेशभर में 269 सड़कें और 649 ट्रांसफार्मर ठप
मंगलवार सुबह तक राज्य में तीन नेशनल हाईवे सहित कुल 269 सड़कें बंद रहीं। 649 बिजली ट्रांसफार्मर और 98 जल आपूर्ति योजनाएं ठप हैं, जिनमें मंडी जिले में सबसे ज्यादा असर पड़ा है। (Mandi cloudburst 2025)



