Trending

सोमवार 4 अक्टूबर के कार्य मुहूर्त : जानें राशि के अनुसार क्या हैं आज का शुभ मुहूर्त

Whatsaap Strip

सोमवार 04 अक्टूबर के दुर्लभ कार्य मुहूर्त : जानिए-कार्य एवं राशी के लिए दिन में शुभ समय। सोम प्रदोष व्रत, त्रयोदशी श्राद्ध। आज दुर्लभ मुहूर्त किस कार्य एवं किन राशी के लिए शुभ हैं। पढ़ें यह लेख। 

विचारणीय :

  1. कोई भी शुभ योग या मुहूर्त सभी कार्यों या समस्त राशियों के लिए शुभ नहीं होता है।
  2. लग्न आधारित मुहूर्त या समय में कार्य विशेष सफल होते है। लग्न मुहूर्त सर्वश्रेष्ठ होते हैं।

आजपंचक – नहीं।

यह भी पढ़ें : दुर्गा प्रबोधन : देवी दुर्गा को शयन से 05 अक्टुबर को उठाये, जानें शुभ मुहूर्त क्या हैं, पढ़े पूरा लेख 

पंचक में केवल 05 कार्य वर्जित, अन्य समस्त कार्य नक्षत्र के अनुसार शुभ :

  1. दाह संस्कार
  2. छप्पर डालना
  3. दक्षिण दिशा यात्रा
  4. लकड़ी घास, भूसा एकत्र
  5. 5. पलंग या चारपाई बुनना।

ये पांच कर्म ही वर्जित (ज्योतिष ग्रंथो में उल्लेखित) है।

आज   भद्रा – 21:03 से प्रारंभ (भूमि – म्रत्यु, पृथ्वी लोक)। 

भद्रा शुभ – अशुभ फल।

स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।
मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।

(दुर्गा पूजा श्रेष्ठ भद्रा काल, स्वर्ग भद्रा – आर्थिक, कृषि एवं अनाज सम्बंधित कार्यों के लिए, पाताल भद्रा धन से सम्बंधित कार्य सफल, मृत्युलोक या भूमि की भद्रा सभी कार्यों में असफलता देती है। होली एवं रक्षाबंधन में विशेष वर्जित भद्रा काल) शेष समस्त कार्य किये जासकते है।

निर्विघ्न यात्रा पूर्व मंत्र :

शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l
भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll

यह भी पढ़ें : श्राद्ध पितर पक्ष : श्राद्ध में 3 अंक का विशेष महत्व, पढ़ें यह लेख

आज दुर्लभ मुहूर्त किस कार्य एवं किन राशी के लिए शुभ हैं :-

(संदर्भ-सुप्रसिद्ध  ग्रन्थ –“मुहूर्त चिंतामणि “के सूत्रों से निर्मित)। लग्न आधरित कार्य के मुहूर्त सर्व दोष मुक्त निम्न हैं। (दुर्लभ मुहूर्त – कार्य हेतु दिन के शुभ मुहूर्त  -लग्न आधारित) राहू काल, गुलिककाल या पंचक, अशुभ चौघडिया आदि हजारो दोष से मुक्त मुहूर्त।

आपके शहर के स्थानीय समय में शहर के सामने लिखे घंटे, मिनट को जोड़ने या घटाने से आपके शहर का शुभ मुहूर्त पता चल जाएगा।(शुभ मुहूर्त के लिए दिए गए समय में + या – घंटे व मिनट करना होता है।) जैसे- मेष राशि में शुभ मुहूर्त -6:33-8:44, के लिएसिंगापुर (+) 01:08+06.33=07:41 शुरुआत और (+)01:08+08:44=09:52।सिंगापुर के अनुसार घड़ी होगी – 07:41-09:52।

भारत : दिल्ली (+)  00:02, मुंबई, सूरत (+) 00:16, अहमदाबाद (+) 00:21, अमृतसर(+) 00:08, चेन्नई  (-) 00: 08, रायपुर- छग (-) 00:07, जबलपुर (-) 00:12, पटना (-) 00: 31, कलकत्ता (-) 00: 44

विश्व (+/- घंटे: मिनट, उनके समय के अनुसार) : सिंगापुर (+) 01:08, काठमांडू (-) 00:15, टोक्यो (-) 00.:18, पेरिस (-) 00:19, लंदन (+) 00:33, टोरंटो (+) 00:21, मास्को (-) 00:11, ताइपे (+) 00:09.

राशि के अनुसार, कार्य प्रारम्भ हेतु शुभ समय :

  1. शुभ मुहूर्त 12:13-13:41बजे तक- धनु लग्न एवं होरा-अस्थिर एवं स्थिर कार्य : पशुओं से संबंधित, कृषि, यज्ञ समस्त शुभ – मंगल कार्य।

2. शुभ मुहूर्त 17:33-18:31बजे तक- मीन लग्न एवं होरा-अस्थिर +स्थिरकार्य : तिलक वस्त्र अलंकार -बनवाना धारण करना एवं मंगल,शुभ कार्य। सिंह,राशि छोड़ कर सभी राशि के लिए उपयुक्त।

  1. शुभ मुहूर्त 19:00-20:12 बजे तक-मेषलग्न एवं होरा (अस्थिर+स्थिरकार्य) : तिलक, वस्त्र, अलंकार – बनवाना – धारण करना एवं मंगल,शुभ कार्य। सिंह, राशि छोड़ कर सभी राशि के लिए उपयुक्त।
  1. शुभ मुहूर्त 00:33-02:50 बजे तक मिथुन (अस्थिर एवं स्थिर कार्य) लग्न एवं होरा :  कार्य-विज्ञान, विवाद, शिल्प, कला, शुभ कार्य राज्य अभिषेक। (यह मुहूर्त वृष,कर्क एवं वृश्चिक राशी के लिए वर्जित है। शेष समस्त राशियों के लिए शुभ है)
  1. शुभ मुहूर्त 00:55-02:47 कर्क (अस्थिर प्रकृति कार्य) लग्न एवं होरा : जलाशय, निर्माण प्रतिष्ठा, शांति कार्य, चित्रकला, लेखन। cv बनाना। सिंह एवं धनु राशि हेतु वर्जित शेष सभी राशियों के लिए उपयुक्त।

(सोमवार 04 अक्टूबर के दुर्लभ कार्य मुहूर्त)

Related Articles