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राशिफल सोमवार 25 अक्टूबर 2021 : सुखी जीवन के लिए करें यह उपाय, क्या कहती हैं आपकी राशि, जानें अपना राशिफल

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राशिफल सोमवार 25 अक्टूबर 2021 एवं सुखी जीवन के उपाय : दान (उपाय मन्त्र हिन्दू एवं जैन धर्म) राशिफल 25 अक्टूबर 2021, कार्तिक कृष्ण पक्ष, वैदिक मास-उर्जा, शरद ऋतु, दक्षिणायन सूर्य, दिन- सोमवार। तिथि- पंचमी। चन्द्र राशी –वृष। व्रत- कार्तिक स्नान। कार्य सिद्ध सफल योग –16:14 तक। पंचक-नहीं, भद्रा –नहीं।

वर्षा योग प्रबल -कही आंशिक एवं कही प्रबल वर्षा योग-(17-27अक्टूबर) : भारत के मध्य एवं दक्षिण मेंएवं मध्य प्रदेश के मध्य क्षेत्र , पश्चमी  भाग में एवं अन्य प्रदेशों के दक्षिणी, पर्वतीय एवं केरल बंगलौर में वर्षा योग 20 तक प्रबल इसके बाद भी वर्षा योग मंगल ग्रह के कारण 27अक्टूबर तक बने रहेंगे। तापमान में विगत 03 वर्षों की तुलना में अक्टूबर माह में न्यूनता या गिरावट रहेगी।

“भविष्य – 11सितम्बर से मध्य नवम्बर तक –“क’ “अ” “ग” “स” “र” “ल” अक्षर से प्रारंभव्यक्ति, वस्तु, स्थान, संस्थान, प्रदेश ,देश के लिए उत्तरोत्तर असुविधा, व्यय, कष्ट, आकस्मिक विपदा पूर्ण रहेगा। राशी एवं लग्न कोई हो प्रचलित नाम के प्रभाव होगे, इसलिए सूर्य,चन्द्र की उपासना, दान या सुयोग्य ज्योतिषी से परामर्श लेकर  सही दिशा में उपाय आवश्यक एवं उपयोगी सिद्ध होंगे।”

मंगल ग्रह प्रभाव-31 को मंगल ग्रह स्वाति  नक्षत्र में प्रवेश करेगा, इसके अनावृष्टि के प्रभाव, अग्नि दर्घटना  में वृद्धि प्रभाव दृष्टिगोचर होंगे। 31अक्टूबर तक- संगीत, नृत्य, अभिनय, शिल्प, कला, व्यवसाय से जुड़े वर्ग के लिए एवं ब्राह्मण  के लिए अशुभ समय होगा।

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राशिफल सोमवार 25 अक्टूबर 2021

मेष राशि (Aries) – चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ.

आर्थिक एवं पारिवारिक पक्ष के सुख मे कमी होगी। कार्यालय में बाधाएं आ सकती हैं। आप अविचलित रहें क्योंकि ये शीघ्र ही निकल जाएंगी। विश्वास रखें, परिश्रम का फल अवश्य मिलता है। शारीरिक रुप से आप स्वास्थ्य में गिरावट महसूस करेंगे। मानसिक रुप से असंतोष अनुभव करेंगे। आपको भोजन भी इतना रुचिकर नहीं लगेगा। दिन में असंतोष एवं उदासीनता का प्रभाव रहेगा।

वृष राशि (Taurus) – ई, उ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो.

नए समाचार या प्रिय आत्मीय परचित से मिलन, तथा सुखद स्थितियाँ आनंदित करेंगी। आपके व आपके परिवार के लिए रोगों से मुक्त रहने सुयोग है। जीवन में सुख शान्ति का मनोभाव आपको संतोष प्रदान करेगा। भावनाओं के प्रति आवश्यकता से अधिक संवेदनशील न बन जाएं। आर्थिक रुप से भी यह एक अच्छा समय है। पुराने दिए ऋणों, आर्थिक लक्ष्य प्राप्ति होगी। कार्य में उन्नति भी हो सकती हैहै।विशेष-अल्पभाषी होना ही हितकर रहेगा |

मिथुन राशि (Gemini) – का, की, कू, घ, ड, छ, के, को, ह.

“यात्रा, व्यय, विवाद, जोखिम के कार्य एवं मीटिंग, परामर्श लंबित स्थगित रखिए या अतिरिक्त सूझबूझ से समय निकालिए। मानसिक रुप से आप व्यथा व बैचेनी अनुभव कर सकते हैं। अकर्मण्यता अथवा ईर्ष्या की भावना से भी त्रस्त हो सकते हैं। अपने निर्णय लेने में तथा दूसरों से व्यवहार के प्रति विशेष सतर्क रहें तथा आवेश में न आएँ। योजनाओं को क्रियान्वित करने से पूर्व सोच लें। घर पर भी सावधान रहें, सगे-सम्बन्धियों से व्यर्थ की शत्रुता संभव है।विशेष-यात्रा,नए कार्य ,जोखिम के कार्य,मीटिंग,परामर्श,निदेश अतिआवश्यक होने पर ही करना उचित होगा |

कर्क राशि (Cancer) – ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो.

समग्र दृष्टि से, ग्रह सर्व सुख शांति सफलता देने के लिए तत्पर हैं। इस माह इतना अनुकूल समय न मिला है ओर न ही आपको शेष दिनो मे  मिलेगा। प्रत्येक कार्य आपके अनुकूल होगा। मित्रों के साथ पुनर्मिलन के भी सुअवसर हैं। विवाहित व्यक्तियों के दाम्पत्य सुख की पूर्ण संभावना है। आपको सुस्वादु भोजन व घर में समस्त सांसारिक सुख मिलने की संभावना है। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा व इस पूरे काल में आप मानसिक रुप से प्रसन्न व शान्तचित्त रहेंगे। व्यापार के लिए लाभदायक विशेष  रहेगा। राजनीतिक क्षेत्र से जुड़े वर्ग के लिए उत्तम दिन है।

सिंह राशि (Leo) – मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे.

माह की सर्वश्रेष्ठ अवधि का सर्वाधिक, बिना समय का अपव्यय कर, अधिकतम उपयोग प्रयोग करिए। जिस कार्य को भी प्रारम्भ करेंगे, उसकी पूर्णता सुनिश्चित समझिए। आनेवाले कई दिन तक निर्णय या कार्य श्री गणेश के लिए सर्वोत्तम समय नहीं मिलेगा। आप सम्मान, पदोन्नति एवम् प्रशंसा की आशा कर सकते हैं। इस समय आप सत्ता में अधिकारी के पद पर आसीन हो सकते हैं तथा निर्धारित लक्ष्य प्राप्त कर सकते हैं। इस विशेष समय में आपकी सामाजिक प्रतिष्ठा भी बढ़ेगी। स्वास्थ्य इस अवधि में सामान्यत: अच्छा रहेगा। इस अवधि में आपके अति उत्तम, सुस्वादु भोजन का आनन्द लेने की संभावना है।

कन्या राशि (Virgo) – टो, प, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो.

भाग्य एवं संतान सुख बाधा विघ्न,बाधा, कष्ट, स्वागत करने को आतुर हैं। अपनी भावनाओ पर नियंत्रण रखिए। आपके प्रयासो को सफलता के पंख  लगने ही वाले हैं। घर व धन सम्बन्धी कठिनाइयाँ झेलनी पड़ सकती है। धन-व्यय के समय विशेष सचेत रहें। शत्रुओं पर विशेष नजर रखें क्योंकि उन्हीं के कारण हानि होने की संभावना है। संतान से विवाद अथवा झगड़ा न करें। व्यर्थ के टकराव में न पड़कर समाज में अपनी प्रतिष्ठा व सम्मान बचाए रखें। मानसिक रुप से आप चिन्ता व अत्यधिक कार्यभार के कारण पीडि़त हो सकते हैं।है।विशेष-यात्रा,नए कार्य ,जोखिम के कार्य,मीटिंग,परामर्श,निदेश अतिआवश्यक होने पर ही करना उचित होगा।

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तुला राशि (Libra) – रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते.

प्रत्येक दृष्टि से बाधक,समय को शांति पूर्वक निकालिए। किसी भी प्रकार के जोखिम या निर्णय का परामर्श नहीं दिया जा सकता। शारीरिक कष्ट, यात्रा एवं वाहन से कष्ट संभव है। आर्थिक दृष्टि से भी यह काल लाभ पूर्ण नहीं है। आपको धन वसूली में कठिनाई आ सकती है। वरिष्ठजनो या उच्चाधिकारी से कार्यालय में किसी भी प्रकार की असहमति अथवा विवाद से पृथकता उपयोगी होगी। स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहें क्योंकि पाचन तंत्र व श्वसन तंत्र में समस्या हो सकती है। चिन्ता न करे। परिणाम कुछ नहीं निकलेगा।

वृश्चिक राशि (Scorpio) – तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू.

दाम्पत्य जीवन में सुख समन्वय रहेगा। आपको आमोद-प्रमोद के अवसर भी मिलेंगे। संतान आपके जीवन के सुख में और अधिक वृद्धि करेगी। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। मन की शान्ति होगी। आप स्वयं अपने आप में व परिवार के साथ शान्ति सुख एवं प्रसन्न्ता अनुभव करेंगे। दिन कुल मिलाकर सुख से परिपूर्ण कहा जा सकता है।

धनु राशि (Sagittarius) – ये, यो, भ, भी, भू, ध, फ, ढ, भे.

रोग या शारीरिक कष्ट संभव है। रोजगार, व्यवसाय मे आशा के अनुरूप सफलता की प्रबल संभावनाएं है। शत्रु वर्ग के विरुद्ध सफलता का उत्तम अवसर है। विवादास्पद मामलों मे प्रयासो के सुपरिणाम अवश्य ही मिलेंगे। मित्रों से सहयोग मिलेगा। प्रेम संबंध सुख पूर्ण रहेंगे। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। आप नीरोग काया का आनन्द उठाएँगे। कुल मिलाकर इस अवधि में आप सफल एवं प्रसन्न रहेंगे। विजयश्री आपके साथ होगी। मनोबल  उत्तम रहेगा। विशेष – यात्रा, नए कार्य का शुभारंभ मनोनुकूल मिलना कठिन।

मकर राशि (Capricorn) – भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, ग, गी.

वित्तीय दृष्टि से भी अपके लिए ये कठिन समय है। आपको हानि हो सकती है अत: धन व्यय करने पर नियंत्रण रखें। स्वास्थ्य का अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है। निराशा जीवन को अकर्मण्य बना सकती है। विशेष सावधान रहें। कुछ ऐसा न करें जिससे आपकी सामाजिक प्रतिष्ठा अथवा कार्यालय में सम्मान कम हो। विशेष-आज यात्रा,निर्णय, नए कार्य का शुभारंभ, महत्वपूर्ण हस्ताक्षर, बैठक , सम्बोधन, जन संपर्क या सुझाव विवादास्पद वार्ता एवं स्थिति, स्थान भ्रमण, सुझाव, उद्घोषणा, मंत्रणा आदि स्थगित रखना उचित होगा।

कुंभ राशि (Aquarius)– गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, द.

शारीरिक मानसिक कम से कम सक्रिय रहे। पूर्ण मनोयोग, धैर्य, शांति एवं भावनाओं पर नियंत्रण रखिए। सक्रियता, विनियोजन, विपणन, लेनदेन, महत्वपूर्ण कार्य लंबित/स्थगित, रखना ही श्रेयष्कर होगा। आप विषाद, व्यर्थ का भय व मानसिक संताप को दूर रखने का भरसक प्रयास करें। अपने आत्मविश्वास पर उस समय विशेष रुप से भरोसा रखें। अपने मानसिक संतुलन को स्थिरता प्रदान करके बनाए रखें।  आर्थिक दृष्टि से यह कठिन समय है। खर्चे बढ़ सकते हैं। यह एक ऐसा समय है जब आपको अपने आत्मीयजनों से मधुर सम्बन्ध बनाए रखने में सतर्कता बरतनी है क्योंकि उनके द्वारा परस्पर शत्रुता पनप सकती है। अनियंत्रित क्रोध पर अंकुश रखें।

मीन राशि (Pisces) – दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची.

विरोधियों पर विजय एवं लंबित कार्य मे सफलता मिलेगी। घर के लिए भी यह समय सुख से परिपूर्ण है। आपको रुचि पूर्ण उत्तम भोजन, वस्त्र सुख योग है। आपके सामने आने वाली हर परिस्थिति निराकृत होगी। |आज सम्पन्न किया गया हर कार्य आपको प्रसन्नता देगा। मन में पूर्ण संतोष का साम्राज्य रहेगा। मित्र एवं परचितों के साथ अच्छा समय व्यतीत होगा। विजय पथ के पथिक होंगे आप।विशेष-अल्पभाषी होना ही हितकर रहेगा।

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सफलता के लिए नक्षत्र कृत अरिष्ट नाशक मंत्र

ज्ञान और आरोग्य प्रदान करते हैं। ॐ ऐं क्लीं सोमाय नम:। ॐ श्रीं श्रीं चन्द्रमसे नम:। तिल दान करना चाहिए।

पौराणिक मंत्र :
श्वेतवर्ण आकृतीः सोमो व्दिभुजो वर दण्ड भृत्l दशाश्व रथमारूढो मृगशिर्षोस्तु मे मुदेll
नक्षत्र देवता मंत्र :-
अ) ॐ चंद्रमसे नमःl
आ) ॐ सोमाय नमःl
नक्षत्र मंत्र :-ॐ मृगशीर्षाय नमःl
वेद मंत्र :
ॐ सोमधेनु गवं सोमा अवन्तुमाशु गवं सोमोवीर: कर्मणयन्ददाति यदत्यविदध्य गवं सभेयम्पितृ श्रवणयोम।
ॐ चन्द्रमसे नम:। आरोग्य वर्धक।

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